सिटी बिग न्यूज | सिरसा
हरियाणा में सिरसा के पुलिस अधीक्षक विक्रांत भूषण ने जिले के सभी थाना प्रभारियों को हिट एंड रन मामलों में त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि दुर्घटना के एक माह तक आरोपी वाहन या चालक का पता न चलने पर संबंधित एसडीएम को रिपोर्ट तुरंत सौंपनी होगी।
नया_कानून
नए कानून के तहत, हिट एंड रन मामलों में मृतक के परिजनों को 2 लाख रुपए और घायलों को 50 हजार रुपए का मुआवजा दिया जाएगा। एसपी ने बताया कि लोगों को इस मुआवजा योजना की जानकारी नहीं होती, इसलिए पुलिस को यह सुनिश्चित करना होगा कि पीड़ित परिवारों को इसकी सूचना दी जाए।
निर्देश
एसपी ने थाना प्रभारियों को निर्देश दिए हैं कि ऐसे मामलों को गंभीरता से लें और बिना देरी के उच्चाधिकारियों को सूचित करें। साथ ही, एसडीएम को घटना से संबंधित विस्तृत रिपोर्ट सौंपें, ताकि पीड़ित परिवारों को जल्द से जल्द न्याय और आर्थिक सहायता मिल सके।
मोटर_व्हीकल_एक्ट
पुलिस अधीक्षक ने जानकारी दी कि मोटर व्हीकल एक्ट की धारा-161 के तहत केंद्र सरकार ने हिट एंड रन मामलों के लिए मुआवजा योजना बनाई है। अगर एक महीने तक घटना में शामिल वाहन का पता नहीं चलता, तो पुलिस को पीड़ित परिवार को लिखित सूचना देकर इस योजना का लाभ उठाने में मदद करनी चाहिए।
केंद्र_सरकार_के_कानून
एसपी ने यह भी कहा कि थाना प्रभारी पीड़ितों को ‘क्लेम एन्क्वायरी ऑफिसर’ की जानकारी, जिसमें ईमेल आईडी और पता शामिल हो, उपलब्ध कराएं। साथ ही, सभी आवश्यक दस्तावेज क्लेम ऑफिसर को सौंपें। केंद्र सरकार ने कई कानूनों में बदलाव किए हैं, जिससे अब भारतीय न्याय संहिता लागू होगी। इसमें सजा और जुर्माने से जुड़े प्रावधान बदले गए हैं, जिनमें हिट एंड रन के केस भी शामिल हैं।
पीड़ित_परिवारों_को_न्याय
यह कदम सुनिश्चित करेगा कि पीड़ित परिवारों को न्याय और आर्थिक सहायता बिना किसी देरी के मिले।







































