स्पोर्ट्स डेस्क
मेलबर्न टेस्ट के चौथे दिन यशस्वी जायसवाल के आउट होने के फैसले ने क्रिकेट जगत में विवाद खड़ा कर दिया। ऑस्ट्रेलियाई कप्तान पैट कमिंस की गेंद पर कैच की अपील को ग्राउंड अंपायर ने नॉट आउट दिया, लेकिन DRS के बाद थर्ड अंपायर ने उन्हें आउट करार दिया। स्निकोमीटर में गेंद और बल्ले का संपर्क नहीं दिखा, फिर भी विजुअल डिफ्लेक्शन के आधार पर फैसला लिया गया।
मैच में क्या हुआ?
- यशस्वी 84 रन बनाकर टीम को संभाले हुए थे।
- विवादित फैसले के बाद भारतीय फैंस ने “चीटर-चीटर” के नारे लगाए।
- टीम इंडिया 155 रनों पर सिमट गई और टेस्ट हार गई।
फैसले पर 5 अहम सवाल
1. थर्ड अंपायर का आधार क्या था?
थर्ड अंपायर शरफुदुल्लाह ने स्निकोमीटर में आवाज न होने के बावजूद विजुअल डिफ्लेक्शन के आधार पर फैसला लिया। गेंद और बल्ले में स्पष्ट संपर्क का प्रमाण नहीं था, फिर भी यशस्वी को आउट दिया गया।
2. सुनील गावस्कर ने क्यों कहा फैसला गलत था?
कॉमेंट्री के दौरान सुनील गावस्कर ने कहा, “टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल के बावजूद गलत निर्णय लिया गया। जब स्निको में साफ दिखा कि कोई संपर्क नहीं था, तब भी बल्लेबाज को आउट देना गलत है।”
3. ICC के नियम क्या कहते हैं?
ICC नियम 31.6 के अनुसार, “बेनिफिट ऑफ डाउट” बल्लेबाज के पक्ष में होना चाहिए। फील्ड अंपायर के नॉट आउट निर्णय को ध्यान में रखना अनिवार्य था।
4. राहुल के केस में स्निको क्यों मान्य था, यशस्वी के लिए नहीं?
पहले टेस्ट में केएल राहुल के विवादित फैसले में स्निकोमीटर का इस्तेमाल हुआ, जबकि यशस्वी के मामले में इसे अनदेखा कर दिया गया। कॉमेंटेटर्स ने इसे “दोहरा रवैया” करार दिया।
5. टीम इंडिया की हार की वजह क्या रही?
- यशस्वी का विवादित आउट होना टीम के लिए बड़ा झटका था।
- टॉप ऑर्डर फ्लॉप रहा: रोहित शर्मा (9), केएल राहुल (0), विराट कोहली (5)।
- ऋषभ पंत के खराब शॉट ने टीम को मुश्किल में डाला।
सीरीज की स्थिति:
- 5 टेस्ट मैचों की सीरीज में ऑस्ट्रेलिया 2-1 से आगे।
- भारतीय टीम को अगले मैच में जीत के लिए टॉप ऑर्डर से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद।







































