हिसार
हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी भजनलाल के बेटे और पूर्व सांसद कुलदीप बिश्नोई को महासभा के संरक्षक पद से हटाने और बिश्नोई रत्न वापस लेने के फैसले से उनके समर्थकों में आक्रोश बढ़ता जा रहा है। कुलदीप समर्थकों ने महासभा के मौजूदा प्रधान देवेंद्र बूड़िया पर सवाल खड़े किए हैं।
गुरु जंभेश्वर सेवा संस्थान, जोधपुर के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. पप्पूराम डारा ने इस मुद्दे पर 2 पन्नों का पत्र लिखकर आरोप लगाया कि 13 नवंबर को मुकाम धाम में हुई बैठक में उन्हें बोलने का मौका नहीं दिया गया। जब उन्होंने बोलने की कोशिश की, तो प्रधान के करीबी लोगों ने उन्हें रोक दिया।
डॉ. डारा ने देवेंद्र बूड़िया पर निशाना साधते हुए कहा कि जब समाज अंतरजातीय विवाह का विरोध कर रहा था, उस समय बूड़िया ने समाज और साधु-संतों के खिलाफ जाकर विवाह समारोह में हिस्सा लिया और बधावा गीत गाते हुए नृत्य भी किया।
कुलदीप के समर्थकों ने भी उठाए सवाल:
कुलदीप बिश्नोई के एक अन्य समर्थक अरविंद गोदारा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बूड़िया से 11 सवाल पूछे। उन्होंने यह भी कहा कि अंतरजातीय विवाह करना बिश्नोई समाज के 29 नियमों का हिस्सा नहीं है। जबकि शराब पीना और मुकाम जैसे पवित्र स्थल पर जाना पूरी तरह निंदनीय है।
गुरू जंभेश्वर सेवा संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष का लिखा पत्र…

देवेंद्र बूड़िया से पूछे गए 11 सवाल – बिश्नोई समाज का आक्रोश
- जब वॉट्सऐप पर इस्तीफा मांगा गया, तो हरियाणा भवन जाने की आवश्यकता क्यों पड़ी?
- आपने कहा कि अध्यक्ष पद और आगे बढ़ाने के लिए 10 करोड़ और देने होंगे। क्या पहले भी आपने पैसे के दम पर समाज से खिलवाड़ किया है?
- हरियाणा भवन में हुई घटना के लिए क्या आपको नहीं लगता कि कोई अन्य स्थान चुनना बेहतर होता? CRPF और केंद्र के अधीन पुलिस वहां हर समय तैनात रहती है।
- हरियाणा भवन की घटना के बाद आपने अब तक FIR क्यों दर्ज नहीं करवाई? क्या आपको खुद फंसने का डर है?
- आपने 1 साल बाद अंतरजातीय विवाह का मुद्दा उठाया, जबकि उस विवाह में आप स्वागतकर्ता थे और बिश्नोई समाज के 50,000 लोगों ने अपनी सहमति जताई थी।
- आपने संरक्षक को हटाने का पत्र जारी किया। क्या यह वैसा ही नहीं है जैसे कोई विधायक मुख्यमंत्री को हटाने की घोषणा कर दे?
- आपने एक जिले की 1,000 लोगों की सभा को समाज की राय मान लिया, जबकि बिश्नोई समाज की कुल संख्या लगभग 50 लाख है।
- बिश्नोई समाज के 29 नियमों में अंतरजातीय विवाह का जिक्र नहीं है, लेकिन मद्यपान पर सख्त रोक है। आपने शराब का सेवन जारी रखते हुए मुकाम धाम जैसे पवित्र स्थान को अपवित्र किया। क्या आप प्रायश्चित करेंगे?
- अध्यक्ष होते हुए आपने नशे का प्रचार किया, जिससे कई युवा और उनके परिवार बर्बाद हुए। जबकि चौ. भजनलाल परिवार ने 10,000 से ज्यादा बिश्नोई परिवारों को सरकारी नौकरी दिलाकर उनका भविष्य संवारा।
- भजनलाल जैसे समाज के स्तंभ की छाया में पनपे नेता और भामाशाह, अब उनके बेटे कुलदीप बिश्नोई पर हावी होने की कोशिश कर रहे हैं। क्या यह उचित है?
- नशे में लड़ाई को समाज का अपमान बताया, लेकिन समाजसेवी पप्पूराम डारा का मंच पर अपमान अनदेखा कर दिया। क्या यह दोहरा मापदंड नहीं है?







































