हिसार जिले के बरवाला इलाके में गांव सुलखनी-धांसू रोड पर शनिवार देर रात बड़ा हादसा टल गया। एक लोडिंग ट्रक सड़क धंसने के कारण अचानक पलट गया। गनीमत रही कि ड्राइवर ने समय रहते कूदकर अपनी जान बचा ली, लेकिन ट्रक को सड़क से हटाने में पूरी रात और अगली सुबह तक मशक्कत चलती रही। इस दौरान कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया और लोगों को घंटों तक परेशानी का सामना करना पड़ा ।
जानकारी अनुसार , ट्रक शनिवार रात सुलखनी से हिसार की ओर जा रहा था। रास्ते में बारिश का पानी भरने से सड़क पहले ही कमजोर हो चुकी थी। जगह-जगह गहरे गड्ढे और धंसी हुई मिट्टी ने सड़क को बेहद खतरनाक बना दिया था। जैसे ही ट्रक सुलखनी और धांसू गांव के बीच पहुंचा, सड़क का एक हिस्सा अचानक धंस गया। संतुलन बिगड़ते ही ट्रक पलट गया और खेत में जा गिरा। 
ड्राइवर ने किसी तरह बाहर निकलकर ट्रक मालिक को फोन किया। रात भर मौके पर लोग इकट्ठा रहे, जबकि रविवार सुबह दो हाइड्रा मशीनें मंगाई गईं ताकि ट्रक को बाहर निकाला जा सके। लेकिन मिट्टी में गहराई तक धंसे ट्रक को खींचना आसान नहीं था। कई घंटों तक रेस्क्यू चलता रहा, फिर भी ट्रक पूरी तरह बाहर नहीं निकाला जा सका।
इस दौरान सड़क के दोनों तरफ वाहनों की लंबी लाइन लग गईं। आसपास के गांवों की ओर जाने वाले लोग जाम में फंसे रहे। कुछ लोग रास्ता बदलकर खेतों के किनारे से या वैकल्पिक मार्गों से अपने गंतव्य की ओर बढ़े।

स्थानीय निवासियों ने रोष जताते हुए कहा कि सुलखनी-धांसू रोड की हालत लंबे समय से बदहाल है। बारिश के बाद तो सड़क पूरी तरह टूट गई है, लेकिन प्रशासन की ओर से अब तक कोई सुधार कार्य शुरू नहीं किया गया। लोगों ने मांग की है कि जल्द से जल्द सड़क की मरम्मत कराई जाए, ताकि भविष्य में ऐसी एक्सीडेंटल घटनाओं से बचा जा सके ।
एक ग्रामीण ने कहा — “हर बार बरसात में सड़क ऐसे ही धंस जाती है। अधिकारी आते हैं, फोटो खिंचवाकर चले जाते हैं, लेकिन हालत जस की तस रहती है।”
लोगों का कहना है कि अब वक्त आ गया है जब प्रशासन को इस खस्ताहाल सड़क की सच्चाई ज़मीन पर देखनी होगी, वरना अगली बार इतना भाग्यशाली अंजाम शायद किसी को न मिले।




































