
15 जून को गांव खरड़ में मिली थी महिला की लाश।
हिसार पुलिस ने गांव खरड़ के पास खेतों में मिली महिला की लाश के मामले का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि महिला की हत्या उसके परिचित और पड़ोसी ने ही की थी। आरोपी ने उससे लिए गए लाखों रुपये लौटाने से बचने के लिए इस वारदात को अंजाम दिया।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान हांसी के प्रेम नगर निवासी हरपाल के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार मृतका पासो देवी और आरोपी एक-दूसरे को पहले से जानते थे। कुछ समय पहले महिला ने अपना प्लॉट बेचकर जो रकम प्राप्त की थी, उसमें से करीब चार लाख रुपये हरपाल को दिए थे। लंबे समय से वह अपनी रकम वापस मांग रही थी, जिससे आरोपी पर दबाव बढ़ता जा रहा था।

मृतक के हाथ पर पसोरानी नाम लिखा था।
सुनियोजित तरीके से रची साजिश
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि आरोपी ने पैसे लौटाने से बचने के लिए महिला की हत्या की योजना बनाई। घटना वाले दिन वह पासो देवी को ई-रिक्शा में अपने साथ लेकर गया। रास्ते में दोनों ने चाय पी और इसके बाद गांव खरड़ के खेतों की तरफ पहुंच गए।
पुलिस के मुताबिक, सुनसान जगह पर आरोपी ने महिला का गला घोंट दिया। हत्या के बाद वह मौके से फरार हो गया और किसी को भनक तक नहीं लगने दी।
खेतों में मिला था शव
सदर थाना हिसार के सब-इंस्पेक्टर महेंद्र कुमार ने बताया कि 15 जून को गांव खरड़ के खेतों में एक महिला का शव मिलने की सूचना पुलिस को मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटाए गए।
शुरुआत में मृतका की पहचान नहीं हो सकी थी। बाद में जांच के दौरान उसकी पहचान हांसी के प्रेम नगर निवासी पासो देवी के रूप में हुई। महिला के हाथ पर ‘पासोरानी’ नाम भी लिखा हुआ था, जिससे पहचान स्थापित करने में मदद मिली।
टायरों के निशान और CCTV से मिला सुराग
मामले को सुलझाने के लिए पुलिस ने घटनास्थल के आसपास मिले टायरों के निशानों, सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का बारीकी से विश्लेषण किया। जांच के दौरान मिले सुरागों ने पुलिस को आरोपी तक पहुंचाया।
पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल किया गया ई-रिक्शा भी बरामद कर लिया है।
रिमांड पर लेकर होगी आगे की पूछताछ
पुलिस अब आरोपी के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच कर रही है। उसे अदालत में पेश कर रिमांड पर लिया जाएगा ताकि मामले से जुड़े अन्य पहलुओं और संभावित तथ्यों की भी गहराई से जांच की जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि वैज्ञानिक और तकनीकी जांच की मदद से इस ब्लाइंड मर्डर केस को कुछ ही दिनों में सुलझा लिया गया।




































